दलितो के भारतबंध का सच, सभी समाज के लिए|

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२ तारीख का भारतबंध किसी नेता या संगठनने नही बल्कि तकरीबन एक हप्ते पहले सोसिअल मिडिया पे वाइरल मेसेज के द्वारा दिया गया था| और दलित, जो की सुप्रीम कोर्ट के जजमेंट और मोदी सरकार की सुस्ती की वजह से परेशान थे उन्होंने उसे शेयर किया| जिसका सामाजिक दबाव बना और नेताओ को, पार्टियो को बंध के समर्थन में आना पड़ा|

नही समजे!!?

तो ये नयावाला बताता हु| ये १० एप्रिलवाला बंध ही ले लो| ये मेसेज सोसिअल मिडिया में जनरल केटेगरी के लोगो के बंध के नाम से घूम रहा है| दलितों के बंध और आरक्षण के खिलाफ जनरल केटेगरी की भावनाओ को इस्तमाल करके इस मेसेज को वाइरल किया जा रहा है| अभी तक अधिकारित तौर पे १० एप्रिल के बंध की किसीने घोषणा नही की है|

और इसके साथ साथ “अगर १० एप्रिल को जनरल केटेगरी का बंध हुआ तो १४ एप्रिल को दलित भी बंध करेंगे|” ऐसा मेसेज वाइरल हुआ है| इससे आप समज सकते है की जब जनरल केटेगरी का ही तय नही है तो दलितने कैसे १४ का भारतबंध तय कर लिया|
भारत में जातिओ के आपसी मनमोटाव का कुछ लोग आज फायदा उठा रहे है| आपकी आहत भावनाओ को और आहत कर रहे है| दलित के नाम से जनरल को और जनरल के नाम से दलित को उकसा रहे है|

साथ साथ मुस्लिमोने दलित भारत बंध को समर्थन दिया उसकी फोटो दिखाकर हिंदुत्व की भावनाए भी भड़काई जा रही है|
अगर आप गौर करेंगे तो पता चलेगा की तारीख १, २ और ३ कुछ लोग सिर्फ और सिर्फ दलित, एट्रोसिटी और आरक्षण को लेकर ही वार करते दिख रहे थे| और यही लोग अब १० तारीख के लिए भी भड़का रहे है| मतलब साफ़ है की ये १० और १४ तारीख पूरी प्लानिंग की तहत लोगो को भड़काया जा रहा है|

गौरतलब है की दलित, मुस्लिम, क्षत्रिय, इत्यादि के नाम से कई फेक पेज ओर एकाउंट बने है| भारतीय सेना, हिन्दू देवी देवता, जानेमाने लोगो के नाम से भी फेक एकाऊंट है| अधिक जानकारी के लिए ALT NEWS जरुर देखे|और ऐसे फेक एकाउंट का इस्तमाल लोगो को भड़काने के लिए किया जा रहा है|

dalit ne police ko maraExample के तौर पे ये न्यूज देख लीजिये, “जोधपुर जिले में सब -इंस्पेक्टर महेन्द्र चौधरी जी को इस दलित ने बेरहमी से पिट पिट कर मौत के घाट उतार दिया! यह था भारत बंद ??इसे ज्यादा से ज्यादा शेयर करें ।।”

ये न्यूज पूरी तरह से गलत है| फिर भी 26000+ Likes और 54000+ से ज्यादाबार शेयर हुआ|

कट्टर हिन्दू भगवा राज’‘ के ३५ लाख से अधिक फोलोवर है|

‘भारत की आवाज’ पेज के 39 लाख से भी अधिक फॉलोअर्स हैं|

‘एक नाम हिन्दुस्तान’ फेसबुक पेज के 66 लाख से भी अधिक फॉलोअर्स हैं|

और इन सभी पेजने एकसाथ जूठ चलाया है| पूरी सच्ची खबर के लिए क्लिक करे|

कैसे बचे सोसिल मिडीया के दंगाइयों से?

१. जिसको आप जानते नही, पहेचानते नही, उसकी पोस्ट लाइक और शेयर न करे| जरूरी नही की सरदार पटेल का फोटो लगानेवाला असल में पटेल ही हो या अम्बेडकर की फोटो लगानेवाला दलित ही हो.

२. कोई भी आपको अपनी जाती या धर्म के बारे में कुछ गलत कहे तो उस आईडी की सच्चाई पता करे| दलित को “पटेल” प्रोफाइल से गाली देनेवाला पटेल हो ऐसा जरुरी नही| परसुराम की फोटो लगानेवाला “भ्राह्न” ही हो, ऐसा जरूरी नही|

३. ज्यादा बहस हो तो उससे फोन नम्बर मांगे| ये फेक आईडी वाले कभी फोन नम्बर नही देते| और कभी बातचीत भी नही करते| हा व्होट्सएप चेट जरुर करते है|
Fake News 01

४. फलाना फलाना गाँव में दलित अत्याचार, हिन्दू को मार डाला, मुस्लिम को जिंदा जला डाला, जैसे मेसेज से आप सदमे में आ जाते हो, गुस्से में आ जाते हो और बिना जाँच पड़ताल उसे शेयर करने लगते हो| कृपया ऐसा न करे| दलित आन्दोलन में गोलिया चलानेवाले दलित नही थे| पुलिस का गला घोटनेवाला भी आन्दोलन का हिस्सा नही था| पुरानी तस्वीर थी| कुछ ऐसे भी लोग २ एप्रिल को आन्दोलन में थे जो करनीसेना में क्षत्रिय थे और दलित आन्दोलन में दलित बने हुए थे|

५. बिना सच जाने कुछ भी आगे फॉरवर्ड मत करे|

६. जितना हो सके अपने दोस्तों रिश्तेदारों से फोन करके सच जाने| मतलब दलितों के बारे में कुछ जानना है तो मुझे पूछे| पाटीदार के बारे में जानना है तो किसी पाटीदार दोस्त से पूछे| इस्लाम के बारे में कुछ जानना है तो किसी मुस्लिम दोस्त को पूछे| लेकिन सोसिअल मिडिया पे ज्ञान न किसी से ले और न ही किसी को ज्ञान दे|

७. सिर्फ और सिर्फ भरोसेमंद न्यूज चेनल, न्यूज पेपर, न्यूज पोर्टल की ही खबरों को पढ़े और शेयर करे|

८. आप अपने समाज और अपने धर्म के जो भी व्होट्सएप ग्रुप या फेसबुक ग्रुप, फेसबुक पेज में हो उसका एडमिन कौन है? ये पता करे|

९. कुछ पेज दलितों के, मुस्लिमो के, हिन्दुओ के नाम से है जो दिनरात अत्याचार दिखाकर आपको भड़का रहे है| उसका मालिक, एडमिन कौन है? पता करे|

१०. सोसिअल मिडिया, बहुत ताक़तवर है| अगर आप अपने दिमाग का इस्तमाल करेंगे तो!!!

११. अपने विवेक का इस्तमाल करे| जितना करेंगे उतना बढेगा|

Kaushik Parmarकौशिक शरुआत
8141191311

Sharuaat

સેંકડો યુવાનો છે જે ખરેખર પરિવર્તનનું કામ કરી રહ્યા છે અથવા તો આ વ્યવસ્થાને બદલવા રસ્તો શોધી રહ્યા છે. આવા યુવાદીપકો થકી બીજા યુવાઓને જગાડવા છે, ભ્રષ્ટ વ્યવસ્થા સામે લડતા કરવા છે. સાથે સાથે જે યુવાનોને યોગ્ય પ્લેટફોર્મ નથી મળી રહ્યું તેમને પણ મદદ કરવી એવો અમારો આશય છે. રાજકીય, સામાજિક, કળા, સાહિત્ય, IT, સોસીઅલ મીડિયા, વિજ્ઞાન, સંશોધન, વિગેરે એમ દરેક ક્ષેત્રમાં, યુવાનો માટે જે અગણિત સંભાવનાઓ છુપાયેલી છે, એ તેમને આ મેગેઝીનના માધ્યમથી તેમના હાથની હથેળી સુધી પહોંચાડવી છે. આ આર્ટીકલ વિષે તમારા પ્રતિભાવો કોમેન્ટમાં જરૂરથી લખજો. જય ભારત યુવા ભારત યુવાશક્તિ ઝીંદાબાદ કૌશિક પરમાર સંપાદક ૮૧૪૧૧૯૧૩૧૧

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